जब घर में 2 महीने का puppy आता है, तो सबसे पहला और सबसे ज़रूरी सवाल यही होता है कि – 2 महीने के puppy को क्या खिलाएँ, ताकि उसका वजन, digestion और growth सही रहे? इस उम्र में puppy का पेट बहुत नाज़ुक होता है और गलत diet देने से पेट खराब, वजन रुकना या कमजोरी जैसी समस्याएँ हो सकती हैं। इसलिए खाना चुनते समय जल्दबाज़ी नहीं, सही जानकारी ज़रूरी होती है। इस guide में आप आसान और practical भाषा में जानेंगे कि 2 महीने के puppy को क्या खिलाना चाहिए, कितनी मात्रा में और कितनी बार, ताकि वह healthy और active तरीके से grow करे।
2 महीने के Puppy को क्या खिलाएँ?

2 महीने की उम्र में puppy का शरीर तेज़ी से grow करता है, लेकिन उसका digestion system अभी पूरी तरह mature नहीं होता। इसलिए इस stage पर ऐसा खाना देना ज़रूरी है जो हल्का, आसानी से पचने वाला और पोषण से भरपूर हो।
2 महीने के puppy की सही diet क्यों ज़रूरी है?
इस उम्र में puppy के लिए सही diet बेहद ज़रूरी होती है। गलत भोजन देने से puppy का पेट खराब हो सकता है, गैस, loose motion या वजन रुकने जैसी समस्याएँ भी सामने आ सकती हैं। वहीं, सही diet मिलने पर puppy की हड्डियाँ और मांसपेशियाँ मज़बूत होती हैं, immunity धीरे-धीरे develop होती है और उसका वजन healthy तरीके से बढ़ता है।
इसी वजह से जब सवाल आता है कि 2 महीने के puppy को क्या खिलाएँ, तो इसका जवाब साफ़ है — ऐसा खाना दें जो puppy-specific हो, balanced nutrition दे और उसके नाज़ुक पाचन तंत्र पर भारी न पड़े। इस उम्र में puppy को adult dog food देना सही नहीं माना जाता, क्योंकि उसमें मौजूद nutrients उसकी growth needs के हिसाब से संतुलित नहीं होते।
2 महीने के Puppy का digestion system कैसा होता है?
इस उम्र में puppy का पेट छोटा और sensitive होता है। वह एक बार में ज़्यादा भारी खाना नहीं पचा पाता। इसी वजह से soft texture वाला food, जो पानी में भिगोया गया हो या naturally easy-to-digest हो, ज़्यादा safe रहता है।
2 महीने के Puppy की Diet Chart (Simple Feeding Guide)
2 महीने के puppy को खिलाते समय सबसे ज़रूरी बात होती है सही समय पर सही मात्रा में खाना देना। इस उम्र में puppy का पेट छोटा होता है, इसलिए एक बार में ज़्यादा खाना देने की बजाय थोड़ा-थोड़ा और बार-बार खिलाना ज़्यादा safe और effective रहता है।
2 महीने के Puppy की Diet Chart
| समय | क्या खिलाएँ | ज़रूरी बात |
| सुबह | गुनगुने पानी में भिगोया हुआ Puppy food | खाना soft हो, सूखा न दें |
| दोपहर | वही Puppy food (कम मात्रा) | ज़्यादा खिलाने से बचें |
| शाम | Puppy food या हल्का home food | अचानक food change न करें |
| रात | हल्का और आसानी से पचने वाला भोजन | Heavy भोजन रात में न दें |
सुबह Puppy को क्या खिलाएँ
सुबह का समय puppy के लिए सबसे active होता है, इसलिए इस समय ऐसा खाना देना चाहिए जो उसे energy दे और आसानी से पच भी जाए।आमतौर पर गुनगुने पानी में भिगोया हुआ Puppy food या soft texture वाला खाना सुबह के लिए बेहतर रहता है।
दोपहर में feeding कैसे करें
दोपहर में puppy की activity थोड़ी कम होती है, इसलिए इस समय भोजन की मात्रा हल्की रखें।थोड़ी मात्रा में वही food दें जो सुबह दिया गया हो, ताकि digestion पर extra pressure न पड़े।
रात में Puppy को क्या देना चाहिए
रात में puppy को हल्का और आसानी से पचने वाला खाना देना चाहिए। बहुत heavy या ज़्यादा मात्रा में खाना देने से रात में पेट खराब या बेचैनी हो सकती है।
इस उम्र में feeding का basic rule यही है —कम मात्रा, लेकिन दिन में कई बार।
Puppy Food vs Home Food – 2 महीने के Puppy के लिए क्या बेहतर है?

2 महीने की उम्र में puppy की nutritional ज़रूरतें बहुत specific होती हैं। इसलिए सबसे बड़ा सवाल यही रहता है—Puppy food दें या घर का खाना? सही जवाब हालात पर निर्भर करता है, लेकिन इस उम्र में safety और balance सबसे ज़्यादा ज़रूरी है।
Puppy food के फायदे
Puppy food खास तौर पर growing puppies के लिए बनाया जाता है। इसमें protein, fats, vitamins और minerals balanced मात्रा में होते हैं, जो:
- हड्डियों और मांसपेशियों की growth में मदद करते हैं
- digestion पर कम दबाव डालते हैं
- रोज़ एक-सा nutrition सुनिश्चित करते हैं
इसी वजह से 2 महीने के puppy के लिए Puppy food को main diet मानना सबसे safe option होता है।
Home food कब और कैसे दिया जा सकता है
Home food कुछ situations में दिया जा सकता है, लेकिन limited और carefully।अगर दें, तो:
- खाना plain हो (बिना नमक, मसाले, तेल)
- texture soft और आसानी से पचने वाला हो
- quantity कम रखी जाए
ध्यान रखें, सिर्फ home food पर निर्भर रहने से puppy को सभी ज़रूरी nutrients नहीं मिल पाते।
Puppy food और home food को mix करना सही है या नहीं
Mixing की जा सकती है, लेकिन अचानक बदलाव नहीं करना चाहिए। अगर puppy पहले से Puppy food खा रहा है, तो:
- home food धीरे-धीरे introduce करें
- एक ही समय पर बहुत सारे नए foods न जोड़ें
- पेट खराब, loose motion या उल्टी दिखे तो तुरंत mixing रोक दें
अगर आपके puppy का वजन सही से नहीं बढ़ रहा या digestion issue दिख रहा है, तो पहले उसकी diet simplify करें और फिर भी सही diet के बावजूद आपके puppy का वजन नहीं बढ़ रहा, तो यह guide ज़रूर पढ़ें —
2 महीने के puppy का वजन कम है? Normal या चिंता की बात
2 महीने के Puppy को दिन में कितनी बार खिलाना चाहिए? (Feeding Routine)

2 महीने की उम्र में puppy का पेट छोटा होता है और उसकी energy ज़रूरतें ज़्यादा होती हैं। इसलिए सही feeding routine का मतलब है—कम मात्रा में, लेकिन दिन में कई बार खाना देना। इससे digestion बेहतर रहता है और puppy को दिनभर के लिए steady energy मिलती रहती है।
| समय | Feeding |
| सुबह (Early) | पहली feeding |
| सुबह (Late) | दूसरी feeding |
| दोपहर | तीसरी feeding |
| शाम | चौथी feeding |
| रात (Optional) | हल्की feeding |
Note:
- Puppy बहुत छोटा या कमजोर हो तो 5th feeding दी जा सकती है
- हर feeding में मात्रा कम रखें
सही feeding frequency क्या होनी चाहिए
इस उम्र में puppy को आमतौर पर दिन में 4–5 बार खाना देना सही माना जाता है। लंबे gap देने से puppy कमजोर महसूस कर सकता है, जबकि बहुत ज़्यादा बार खिलाने से पेट पर दबाव पड़ता है। तय समय पर feeding रखने से puppy का body clock भी सही बनता है।
Portion size कैसे तय करें
हर feeding में मात्रा छोटी रखें। खाना इतना हो कि puppy आराम से खा ले और bowl खाली होते ही रुचि खत्म हो जाए। अगर puppy खाने के बाद सुस्त दिखे या पेट फूला हुआ लगे, तो मात्रा ज़्यादा हो सकती है—अगली feeding में थोड़ा कम करें।
ज़्यादा या कम खिलाने से क्या नुकसान हो सकता है
- Overfeeding से गैस, loose motion और उल्टी जैसी समस्याएँ हो सकती हैं।
- Underfeeding से वजन नहीं बढ़ता और puppy कमजोर पड़ सकता है।
इसलिए routine का मूल नियम याद रखें: नियमित समय + सही मात्रा। यही combination 2 महीने के puppy की healthy growth के लिए सबसे ज़रूरी है।
2 महीने के Puppy को क्या नहीं खिलाना चाहिए

2 महीने की उम्र में puppy का पेट बहुत नाज़ुक होता है। इस stage पर कुछ foods ऐसे होते हैं जो दिखने में harmless लगते हैं, लेकिन puppy की digestion और growth के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। इसलिए क्या न खिलाएँ जानना उतना ही ज़रूरी है जितना क्या खिलाएँ।
दूध, रोटी और बिस्कुट क्यों नुकसानदायक हो सकते हैं
- दूध: ज़्यादातर puppies cow milk ठीक से पचा नहीं पाते, जिससे गैस या loose motion हो सकता है।
- रोटी: गेहूं की रोटी puppy के लिए भारी होती है और digestion slow कर सकती है।
- बिस्कुट: इनमें sugar और salt ज़्यादा होती है, जो puppy के लिए unsafe है।
मसालेदार और human food से क्यों बचें
हमारा रोज़ का खाना—जिसमें नमक, मसाले, तेल या प्याज़-लहसुन होते हैं—puppy के पेट और liver के लिए हानिकारक हो सकता है। ऐसे foods से:
- पेट खराब
- उल्टी/दस्त
- long-term digestion issues हो सकते हैं।
Rule याद रखें: अगर कोई चीज़ इंसानों के लिए बनी है, तो ज़रूरी नहीं कि वह puppy के लिए भी safe हो।
अगर आप जानना चाहते हैं कि 2 महीने के puppy को safe तरीके से क्या खिलाना चाहिए, तो यह guide ज़रूर पढ़ें —2 महीने के puppy को क्या खिलाएँ? सही Diet और Feeding Guide
अगर Puppy खाना नहीं खा रहा हो तो क्या करें?
2 महीने की उम्र में puppy का खाना न खाना कई बार temporary और normal हो सकता है, लेकिन इसे ignore करना सही नहीं है। पहले वजह समझना ज़रूरी है, फिर उसी हिसाब से सही कदम उठाने चाहिए।
Puppy का खाना न खाने के सामान्य कारण
- नया environment: नया घर, नए लोग—शुरुआती दिनों में appetite कम हो सकता है।
- Feeding routine अनियमित होना: समय बदलना या बार-बार food बदलना।
- Digestion issues: अचानक diet change या heavy food।
- Stress या fatigue: ज़्यादा खेल या travel के बाद।
Pet parents द्वारा की जाने वाली आम गलतियाँ
- बार-बार food switch करना
- एक feeding skip होते ही overfeeding की कोशिश
- Treats ज़्यादा देना
- Fixed timing न रखना
क्या करना चाहिए (Safe & Practical Steps)
- Fixed routine रखें—हर दिन same time पर feeding
- Food simple रखें—एक ही puppy food कुछ दिन तक
- Bowl 15–20 मिनट रखें, फिर हटा लें (free-feeding avoid)
- पानी हमेशा ताज़ा उपलब्ध रखें
- 24 घंटे से ज़्यादा खाना न खाए, उल्टी/दस्त हों या सुस्ती दिखे—vet से सलाह लें
Rule याद रखें: पहले routine सुधारें, फिर diet; जल्दबाज़ी में food बदलना अक्सर समस्या बढ़ाता है।
2 महीने के Puppy के Healthy Growth के संकेत (Growth Signs)

2 महीने की उम्र में puppy की growth धीरे-धीरे लेकिन लगातार होती है। हर puppy एक जैसा नहीं बढ़ता, इसलिए तुलना करने से ज़्यादा ज़रूरी है healthy signs पर ध्यान देना।
सही growth के लक्षण
- धीरे-धीरे वजन बढ़ना: हर हफ्ते थोड़ा सुधार दिखना
- Active behavior: खेलने की इच्छा, alert रहना
- Healthy appetite: समय पर खाना खाना, bowl में रुचि दिखाना
- Normal digestion: न ज़्यादा loose motion, न बार-बार उल्टी
- Shiny coat & clear eyes: overall health का संकेत होता है।
Puppy का वजन कैसे monitor करें
- हफ्ते में 1 बार एक ही समय पर वजन चेक करें
- Same weighing scale इस्तेमाल करें
- सिर्फ numbers नहीं, behavior + appetite भी नोट करें
- अचानक गिरावट दिखे तो diet और routine review करें
ध्यान रखने वाली बात: Healthy growth का मतलब तेज़ी नहीं, बल्कि लगातार सुधार है।
Vet Advice – 2 महीने के Puppy की Diet को लेकर ज़रूरी बातें
2 महीने की उम्र में puppy का शरीर तेज़ी से grow करता है, लेकिन उसका digestion system और immunity अभी पूरी तरह mature नहीं होती। इस stage पर diet से जुड़ी छोटी-सी गलती भी puppy की growth, weight और overall health को प्रभावित कर सकती है। इसलिए इस उम्र में vet-guided approach अपनाना सबसे सुरक्षित माना जाता है।
सही Puppy food चुनते समय क्या देखें
Vet experts के अनुसार, 2 महीने के puppy के लिए हमेशा age-specific Puppy food ही चुनना चाहिए। इस तरह का food खास तौर पर बढ़ते हुए puppies की ज़रूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया जाता है, जिसमें protein, fats, vitamins और minerals संतुलित मात्रा में मौजूद होते हैं। ये सभी पोषक तत्व puppy की हड्डियों, मांसपेशियों और overall growth के लिए बेहद ज़रूरी होते हैं।
इस उम्र में adult dog food देने से बचना चाहिए, क्योंकि उसमें मौजूद nutrients puppy की growth requirements के हिसाब से न तो पर्याप्त होते हैं और न ही सही अनुपात में। adult dog food लंबे समय में puppy की growth को प्रभावित कर सकता है और nutrition imbalance का कारण भी बन सकता है।
Deworming और diet का क्या संबंध है
अगर puppy के शरीर में worms (पेट के कीड़े) मौजूद हों, तो चाहे आप उसे कितना भी पौष्टिक भोजन दें, उसका वजन और growth फिर भी प्रभावित हो सकती है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि ये worms, puppy के पेट में मौजूद पोषक तत्वों को absorb कर लेते हैं, जिससे शरीर को पूरा पोषण नहीं मिल पाता। इसके कारण puppy कमजोर दिख सकता है और उसकी growth धीमी हो जाती है।
इसी वजह से vet द्वारा बताए गए समय पर deworming कराना बहुत ज़रूरी होता है। Deworming के बाद puppy का पाचन तंत्र धीरे-धीरे बेहतर तरीके से काम करने लगता है, जिससे भोजन का सही उपयोग हो पाता है। इस दौरान diet को simple और balanced रखना चाहिए। Deworming के बाद कुछ दिनों तक appetite में हल्का बदलाव दिखना सामान्य माना जाता है, लेकिन अगर यह समस्या ज़्यादा समय तक बनी रहे, तो vet से सलाह लेना बेहतर रहता है।
कब diet change करने से पहले vet से सलाह लें
कुछ situations में खुद से diet बदलने की बजाय vet से बात करना ज़्यादा सुरक्षित रहता है, जैसे:
- puppy लगातार loose motion या उल्टी कर रहा हो
- 24 घंटे से ज़्यादा समय तक कुछ भी न खा रहा हो
- सही feeding routine के बावजूद वजन बिल्कुल न बढ़ रहा हो
- puppy सुस्त, कमजोर या unusually tired दिखे
इन signs को ignore करना future health problems को बढ़ा सकता है।
Feeding Supplements देने से पहले क्या ध्यान रखें
कई pet parents जल्दी weight gain या fast growth के लिए calcium या multivitamin देना शुरू कर देते हैं, लेकिन बिना vet advice supplements देना सही नहीं माना जाता।
गलत मात्रा या unnecessary supplements से हड्डियों और digestion पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। Vet experts की यही सलाह होती है कि पहले सही diet पर ध्यान दिया जाए, और supplements केवल तभी दिए जाएँ जब वास्तव में उनकी आवश्यकता हो।
ध्यान रखने वाली बात: हर puppy अलग होता है। जो diet एक puppy पर असरदार हो, ज़रूरी नहीं कि वही दूसरे पर भी समान परिणाम दे। इसलिए इस उम्र में self-experiment करने से बचें और puppy के शरीर के संकेतों को समझते हुए diet decisions लें।
अगर दूध जैसी common चीज़ों को लेकर आपके मन में confusion है, तो यह जानकारी भी ज़रूर देखें —Puppy को दूध पिलाना सही है या नहीं? Vet Advice
Veterinary experts और international pet-care organizations भी यही सलाह देते हैं कि puppies की उम्र के हिसाब से diet और feeding routine तय करना बहुत ज़रूरी होता है। इसी तरह की guidance American Kennel Club (AKC) की official puppy feeding guidelines में भी दी गई है, जहाँ puppy nutrition और feeding frequency को detail में समझाया गया है।
FAQs – 2 महीने के Puppy की Diet से जुड़े अहम सवाल
क्या 2 महीने का Puppy सिर्फ Puppy food पर रह सकता है?
हाँ। Age-specific Puppy food इस उम्र के puppies की nutritional ज़रूरतों के हिसाब से balanced होता है। अगर Puppy food सही तरह से दिया जा रहा है, तो वही main diet के रूप में काफ़ी होता है।
2 महीने के Puppy को दिन में कितनी बार खिलाना सही है?
इस उम्र में puppy को आमतौर पर दिन में 4–5 बार थोड़ी-थोड़ी मात्रा में खिलाना सही रहता है। इससे digestion बेहतर रहता है और energy level stable बना रहता है।
क्या 2 महीने के Puppy को घर का खाना दिया जा सकता है?
सीमित मात्रा में और सही तरीके से दिया गया plain home food कभी-कभी दिया जा सकता है, लेकिन इसे रोज़ की main diet नहीं बनाना चाहिए। Puppy food ज़्यादा safe और balanced रहता है।
क्या feeding routine बदलने से पेट खराब हो सकता है?
हाँ। अचानक food या timing बदलने से puppy का पेट खराब हो सकता है। किसी भी बदलाव को धीरे-धीरे और plan के साथ करें।
क्या supplements देना ज़रूरी है?
नहीं। बिना vet advice supplements देना सही नहीं माना जाता। ज़्यादातर मामलों में balanced Puppy food ही काफ़ी होता है। Supplements तभी दें जब vet recommend करे।
अगर Puppy खाना छोड़ दे तो कब चिंता करनी चाहिए?
अगर puppy 24 घंटे से ज़्यादा कुछ नहीं खा रहा, सुस्त दिख रहा है, या उल्टी/दस्त जैसे symptoms हों, तो इसे ignore न करें और vet से संपर्क करें।
निष्कर्ष: 2 महीने के Puppy को क्या खिलाएँ ताकि Growth Healthy रहे
2 महीने की उम्र में puppy की देखभाल का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा उसका diet और feeding routine होता है। इस चरण में दिया गया सही भोजन न केवल उसके वजन और वृद्धि को सही दिशा देता है, बल्कि भविष्य में होने वाली स्वास्थ्य समस्याओं से भी बचाने में मदद करता है।
इस guide का मकसद यही है कि pet parents समझ सकें कि 2 महीने के Puppy को क्या खिलाएं , कितनी मात्रा में और कितनी बार खिलाना सही है, किन चीज़ों से बचना ज़रूरी है और किन situations में vet की सलाह लेना बेहतर रहता है। याद रखने वाली बात यह है कि हर puppy अलग होता है—इसलिए दूसरों से तुलना करने के बजाय उसके behavior, appetite और digestion पर ध्यान देना अधिक ज़रूरी होता है।
अगर आप संतुलित आहार (balanced diet), निश्चित दिनचर्या और धैर्य के साथ puppy की देखभाल करते हैं, तो उसका स्वस्थ और सक्रिय रूप से बढ़ना पूरी तरह संभव है। किसी भी शंका या असामान्य लक्षण दिखाई देने पर खुद प्रयोग करने की बजाय expert advice लेना ही सबसे सुरक्षित तरीका माना जाता है।